चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन केजरीवाल कर रहे
March 31, 2019 • Editor Awazehindtimes

चुनाव - मुख्य चुनाव अधिकारी के समक्ष शिकायत कांग्रेस ने की 

नई दिल्ली, मार्च। दिल्ली के मुख्य चुनाव अधिकारी के कार्यालय जाकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल अपने सवैधानिक पद का दुरुपयोग कर लगातार चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन की बाबत खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है।

प्रदेश कांग्रेस ने शिकायत में कहा है कि दिल्ली के मुख्यमंत्री टैक्स देने वालों की गाढ़ी कमाई का दुरुपयोग कर आम आदमी पार्टी के चुनावी अभियान के तहत दिल्ली के लाखों लोगों को पत्र लिखकर यह कह रहे हैं कि दिल्ली में भाजपा को हराने में कांग्रेस पार्टी सक्षम नहीं है।

इसलिए दिल्ली के लोग आम आदमी पार्टी के उम्मीदवारों के पक्ष में मतदान करें। अरविन्द केजरीवाल द्वारा भेजे जा रहे पत्र में उनके सरकारी कार्यालय व सरकारी आवास का पता दर्ज है जो अपने आप में सीधा-सीधा चुनाव आचार संहिता काउल्लंघन है। केजरीवाल ने लोकसभा चुनाव की तारीखें घोषित होने के बाद यह पत्र भेजने शुरु किए है और इन पत्रों में छापने वाले प्रिन्टर का नाम है, न ही कितनी प्रतियां छापी गई है, उसकी कोई जानकारी है।

यह सेक्शन 127ए, जनप्रतिनिध कानून का भी खुला उल्लंघन है जिसमें यह साफ- साफ कहा गया है कि कोई भी व्यक्ति चुनाव से संबधित प्रचार सामग्री अगर छापता है तो उसे उपरोक्त लिखित जानकारियों का पालन करना होगा। इस विषय पर केजरीवाल व आम आदमी पार्टी ने चुनाव आयोग से कोई अनुमति भी नहीं ली।

कांग्रेस लीगल सेल के सुनील कुमार ने बताया कि शिकायत में कहा गया है कि इन पत्रों में न तो कोई तारीख का जिक्र है और यह बड़ी संख्या में यह पत्र दिल्लीवासियों को भेजे जा रहे है, जो चुनाव आचार संहित के लागू होने के बाद इस तरह की कार्यवाही पूरी तरह से असंवैधानिक है व ऐसी कार्यवाही से साम्प्रदायिक माहौल भी खराब होने का डर होता है।

एडवोकेट सुनील कुमार ने कहा कि उपरोक्त दिएगए साक्ष्यों के आधार पर अरविन्द केजरीवाल के खिलाफ चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन का मामला तो बनता ही है और चुनाव आयोग को कड़ा कदम उठाते हुए आम आदमी पार्टी को दिल्ली में सभी संसदीय सीटों पर चुनाव लड़ने से रोका जाए।

उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग को एक जांच समिति बनाकर अरविन्द केजरीवाल व आम आदमी पार्टी द्वारा राजनैतिक फायदे के लिए जनता के पैसे का दुरुपयोग करने के मामले में उनपर कार्यवाही की जाए व जनता की गाढ़ी कमाई के एक-एक पैसे की वसूली आम आदमी पार्टी व अरविन्द केजरीवाल से की जाए।