Nose Bleed, प्रेग्‍नेंसी में ये चीज देखकर डर और सहम जाती हैं औरतें, आयुर्वेदिक डॉक्‍टर ने बताया ऐसा तरीका कि तकलीफ को जाएगी छूमंतर – ayurvedic doctor suggest what to when nose bleeds in pregnancy


प्रेग्‍नेंसी के दौरान महिलाओं को मूड स्विंग्‍स, मॉर्निंग सिकनेस और बदन दर्द जैसे कई लक्षणों को सहना पड़ता है। प्रेग्‍नेंसी का एक आम लक्षण नाक से खून आना या एपिस्‍टै‍क्सिस भी है जो पांच में से एक महिला को प्रभावित करता है। इससे बच्‍चे और मां को कोई खतरा नहीं होता है लेकिन फिर भी आपको इस बात का ध्‍यान रखना चाहिए कि खून ज्‍यादा ना निकले और समय पर उपचार लें।

प्रेग्‍नेंसी में नाक से खून निकलने के कई कारण हो सकते हैं। प्रेग्‍नेंसी की खासतौर पर पहली तिमाही में ब्‍लड वॉल्‍यूम 50 पर्सेंट तक बढ़ जाता है। इसका मतलब है कि शरीर में रक्‍त प्रवाह दोगुना हो गया है। इससे रक्‍त वाहिकाएं चौड़ी हो जाती हैं। चूंकि, नासिका गुहाओं की छोटी रक्‍त वाहिकाएं होती है इसलिए कभी-कभी ज्‍यादा रक्‍त दबाव की वजह से नाक की रक्‍त वाहिकाएं फट जाती हैं और उनसे खून निकलने लगता है।

इसके अलावा एस्‍ट्रोजन और प्रोजेस्‍टेरोन के हार्मोनल लेवल में बदलाव, प्‍लेसेंटल ग्रोथ हार्मोन और विभिन्‍न इम्‍यूनोलॉजिकल बदलावों की वजह से भी प्रेग्‍नेंसी में नाक से खून आ सकता है। इसके साथ ही बेंगलुरु के जीवोत्तम आयुर्वेद केंद्र के वैद्य डॉ. शरद कुलकर्णी, एम.एस.(आयुर्वेद), (पीएच.डी.) की राय भी जानेंगे।

​प्रेग्‍नेंसी में कब आता है नाक से खून

navbharat times

पूरी प्रेग्‍नेंसी के दौरान कई बार नकसीर छूट सकती है। एक या दोनों नथुनों से हल्‍की या गंभीर ब्‍लीडिंग हो सकती है जो कि कुछ सेकंड या 10 मिनट से ज्‍यादा समय तक रह सकती है। यह समस्‍या दिन के किसी भी समय हो सकती है और नींद के दौरान भी ऐसा हो सकता है।

​कैसे रोकें ब्‍लीडिंग

navbharat times

नाक से खून निकलने पर निम्‍न स्‍टेप्‍स से आप इसे रोक सकती हैं :

  • सीधे खड़े होकर या लेटकर सिर को ऊपर की ओर उठाएं।
  • मुंह से सांस लेते हुए 10 से 15 मिनट तक नथुनों पर लगातार प्रेशर बनाकर रखें। हल्‍के से छोड़कर देखें कि क्‍या अब भी ब्‍लीडिंग हो रही है।
  • अगर सिर चकरा रहा है या चक्‍कर आ रहे हैं तो करवट लेकर लेट जाएं।

​कब लेनी है डॉक्‍टर की मदद

navbharat times

अगर ज्‍यादा या बार-बार ब्‍लीडिंग हो रही है, उपरोक्‍त तरीका बताने के बावजूद भी 30 मिनट के बाद भी ब्‍लीडिंग हो रही है, सांस लेने में दिक्‍कत हो रही है, चक्‍कर आ रहे हैं, नकसीर के साथ बुखार या ठंड लग रही है और प्रीक्‍लैंप्सिया के साथ क्‍लॉटिग विकार हो रहा है तो आपको डॉक्‍टर से बात करनी चाहिए।

​आयुर्वेदिक डॉक्‍टर की राय

navbharat times

डॉक्‍टर शरद कहते हैं कि प्‍याज के रस की एक या दो बूंद को नाक के अंदर डाल दें। ईंट को गीला कर के सूंघने से भी नाक से खून आना बंद हो सकता है। इसके अलावा दूर्वा के रस को भी नाक में डाल सकते हैं।

​क्‍या चिंता की बात है

navbharat times

नेशनल हेल्‍थ सर्विसेस के अनुसार प्रेगनेंट महिलाओं में गंभीर नकसीर छूटने के मामले बहुत कम ही देखे जाते हैं और इसका भ्रूण पर कोई असर नहीं पड़ता है।



Source link

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

%d bloggers like this: