Awaz E Hind Times
नज़र बहुमत पर 
February 2, 2019 • एडिटर अवाज़ेहिंद टाइम्स

नई दिल्ली, सरकार ने आगामी लोकसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए कई वर्गों के लिए सौगातों की झड़ी लगा दी। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने बजट में सिर्फ किसान, मजदूर, नौकरीपेशा और महिलाओं के लिए करीब सवा लाख करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। इससे 25 करोड़ से ज्यादा लोगों को सीधा फायदा होगा। चुनावी लिहाज से यह संख्या बड़ी है।

किसानों के लिए बड़ा ऐलानः वित्त मंत्री ने करीब 1:40 घंटे के बजट भाषण में ऐलान किया कि सरकार लघु एवं सीमांत किसानों को सीधे उनके खाते में पैसे देने जा रही है। इसे राहुल गांधी की ओर से घोषित गरीबों को न्यूनतम आय गारंटी योजना' का जवाब भी माना जा रहा है। वित्तमंत्री ने कम आय वाले श्रमिकों को पेंशन देने की भी घोषणा की।

नौकरीपेशा को बंपर सौगात : वेतनभागियों के लिए पांच लाख रुपये तक की आय को कर मुक्त करने का ऐलान किया। साथ ही बताया कि सरकार ने पांच करोड़ तक कारोबार करने वाले को जीएसटी रिटर्न में राहत दी है। इन कारोबारियों को हर माह के बजाय तीन माह में रिटर्न भरने की सुविधा दी गई है।

भाजपा मान रही है गेमचेंजरः बजट घोषणाओं को भाजपा गेमचेंजर मान रही है, इसका एहसास लोकसभा में हुआ। अहम घोषणाओं पर प्रधानमंत्री मोदी समेत पूरा सत्तापक्ष जमकर मेजें थपथपा रहा था। यह पहला मौका था जब प्रधानमंत्री इतने उत्साह में इतनी देर तक मेजें थपथपाते रहे। सदन कई मिनटों तक मोदी-मोदी की गूंज में डूबा रहा। दूसरी तरफ आमतौर पर बजट भाषण में टोकाटाकी करने वाला विपक्ष एकदम शांत दिखा। दरअसल, अंतरिम बजट में विपक्ष को इस तरह की घोषणाओं की उम्मीद नहीं थी। संसद में दिखे भाजपा के जोश से साफ है कि वह चुनाव मैदान में इसे जमकर भुनाएगी।

तीन राज्यों के नतीजों का असर : हाल में तीन राज्यों के विधानसभा चुनावों में भाजपा को सत्ता गंवानी पड़ी थी। वहां नौकरीपेशा वर्ग और किसानों की खासी नाराजगी सामने आई थी। इसका असर लोकसभा चुनाव पर न पड़े इसे देखते हुए सरकार ने इस वर्गों को लुभाने की कोशिश की।

सोशल मीडिया पर भी जंग : अंतरिम बजट के बाद सोशल मीडिया पर भी जंग छिड़ गई। भाजपा ने #BudgetForNewIndia से ट्वीट कर बजट को ऐतिहासिक बताया तो जवाब में विपक्ष की ओर से #AakhriJumlaBudget ट्रेंड करने लगा।

यह सिर्फ अंतरिम बजट नहीं देश की विकास यात्रा का उत्सव है। यह जो देश बदल रहा है, देशवासियों के जोश से बदल रहा है। - पीयूष गोयल, वित्त मंत्री

ये बजट गरीब को शक्ति, किसानको मजबूती, श्रमिकों को सम्मान देगा और मध्यम वर्ग के सपनों को साकार करेगा। साथ ही ईमानदाट आयकरदाताओं का गौरवगान करेगा। - नरेंद्र मोदी, प्रधानमंत्री

सरकार की पांच वर्षों की अक्षमता ने किसानों को बर्बाद कर दिया है। उन्हें प्रतिदिन 17 रुपये देना उनकी मेहनत का अपमान है। - राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष

बजट विकास समर्थक, वित्तीय रूप से दूरदर्शी, किसान-गरीब हितैषी और मध्यम वर्ग की खरीद क्षमता को बढ़ाने वाला है। - अरुण जेटली, केंद्रीय मंत्री