प्रदूषण फैलाने वालों की जुर्माने में हो बढ़ोतरी
January 23, 2019 • Editor Awazehindtimes

प्रदूषण मामले में एनजीटी सख्त नरेला-बवाना औद्योगिक क्षेत्र में 

प्रदूषण को लेकर एनजीटी ने कहा कि दूसरी बार जुर्माने की राशि पहली बार लगाई गई राशि से हो दोगुनी

पश्चिमी दिल्ली : प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों को लेकर एनजीटी बेहद सख्त हो गई है। एनजीटी ने ऐसे उद्योगों पर जुर्माने की राशि को बढ़ाने के लिए कहा है। एनजीटी ने कहा कि इस संबंध में सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (सीपीसीबी) को बकायदा एक पॉलिसी बनानी चाहिए। एनजीटी घेयरपर्सन जस्टिस आदर्श कुमार गोयल की अगुवाई वाली बेंच ने कहा कि सीपीसीबी और दिल्ली पॉल्यूशन कंट्रोल कमेटी (डीपीसीसी) पॉलिसी को ऑनलाइन करें। एनजीटी ने कहाकि पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने के लिए ऐसे उद्योगों पर मुआवजे की राशि पॉलिसी के मुताबिक बढ़ती रहनी चाहिए। यानी कि दूसरी बार जुर्माने की राशि पहली बार लगाई गई राशि से दोगुनी हो। मामले की सुनवाई कर रही बेंच ने यह भी कहा कि जिन पर अभी तक जुर्माने का राशि बकाया है, उनसे जल्द से जल्द वसूली जाए। एनजीटी ने यह निर्देश डीपीसीसी द्वरा नरेला-बवाना में चल रहे प्रदूषण फैलाने वाले उद्योगों पर पेश की गई रिपोर्ट पर दिया।

आधे प्लॉटों पर होता है प्लास्टिक मैन्युफैक्चरिंग डीपीसीसी ने अपनी रिपोर्ट में बताया है कि कुल 3376 प्लॉटों में से आधे प्लॉटों पर प्लास्टिक मैन्युफैक्चरिंग और रिसाइकल प्लांट चलाए जा रहे हैं। जबकि शेष फटवेयर और टिंबर का व्यवसाय किया जा रहा है। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि 90 फीसदी फैक्ट्रियों द्वारा साइनबोर्ड तक नहीं लगाया गया है। इतना ही नहीं, इस क्षेत्र में प्लास्टिक वेस्ट खुले में जलाया जा रहा है।

प्रदूषण रोकने के लिए मार्शल - नरेला-बवाना में प्रदूषण फैलाने वाले व्यवसायों पर डीपीसीसी ने रिपोर्ट में बताया कि अवैध गार्बेज के बनिंग-डंपिंग को लेकर दो कंपनियों पर दस -दस लाख का जुर्माना लगाया गया है। साथ ही डीएसआईआईडीसी और नॉर्थ एमसीडी पर पांच-पांच लाख जबकि बवाना के 44 यूनिटों पर कंस्ट्रक्शन-डेमोलिशन के लिए जुर्माना लगाया गया है। सॉलिड वेस्ट हटाए गए हैं और मार्शल भी तैनात किए गए हैं। उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई के लिए डीएसआईआईडीसी को नोटिस भी जारी किया गया। एजीटी ने कहा कि इस संबंध में डीपीसीसी और विस्तृत कार्रवाई करे और तीन माह बाद फिर से एक्शन टेकन रिपोर्ट पेश करे। मामले में अगली सुनवाई 24 मई को होगी।