कहीं ज्यादा बॉडी बनाने के चक्कर में तो नहीं आ रहा जवानी में हार्ट अटैक? CDC ने बताया कितनी देर करें एक्सरसाइज – raju srivastava death is hard physical activities or gym workout cause of heart attack in young age


इंडिया के फेमस स्टैंड-अप कॉमेडियन राजू श्रीवास्तव (Raju Srivastava) का निधन हो गया है। उन्हें पिछले महीने हार्ट अटैक (Heart Attack) आया था। उस दिन वो रोजाना की तरह एक्सरसाइज कर रहे थे। वो ट्रेडमिल पर दौड़ रहे थे। ट्रेडमिल एक मशीन है और यह आपको हर जिम में मिल जाएगी। आपके दौड़ने की रफ्तार क्या है, आपने कितने समय कितना दौड़े, इस पर सब पता चल जाता है। राजू उस समय कितनी रफ्तार या कितनी देर तक दौड़े, यह तो पता नहीं लेकिन उस समय उन्हें सीने में दर्द हुआ पता चला कि उन्हें हार्ट अटैक आया था, जैसा कि खबरों में बताया गया है।

सिर्फ राजू ही नहीं, उनसे पहले टीवी एक्टर सिद्धार्थ शुक्ल और साउथ इंडियन एक्टर पुनीत राजकुमार की मौत भी हार्ट अटैक की वजह से हुई। उनके बारे में भी यही कहा जा रहा था कि वो भी किसी न किसी तरह हार्ड वर्कआउट में शामिल थे। अगर आपने गौर किया हो, तो इन सभी की उम्र बहुत ज्यादा नहीं थी।

ऐसे में कई सवाल पैदा हो गए हैं क्या हार्ड वर्कआउट हार्ट अटैक या अन्य दिल के रोगों को न्योता तो नहीं दे रहा, कितनी देर एक्सरसाइज करना सही है, क्या जवानी के जोश में लोग क्षमता से ज्यादा एक्सरसाइज तो नहीं कर रहे, क्या दुबले-पतले होने का जुनून आपके दिल पर जोर तो नहीं डाल रहा है? चलिए जानते हैं इन सवालों के जवाब।

कितनी देर करें एक्सरसाइज

94367327

सबसे पहले तो आपको यह जान लेना चाहिए कि बेहतर स्वास्थ्य के लिए कितनी देर एक्सरसाइज करना ठीक रहता है। सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) का मानना है कि फिजिकल एक्टिविटी से आपको स्वस्थ वजन बनाए रखने और आपके ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल और ब्लड शुगर लेवल को कम करने में मदद कर सकती है। वयस्कों हर हफ्ते 2 घंटे और 30 मिनट की मोडरेट इंटेंसिटी एक्सरसाइज की सलाह दी जाती है जिसमें तेज चलना, साइकिल चलाना, वेट ट्रेनिंग, योग, स्ट्रेचिंग आदि शामिल हैं। बच्चों और किशोरों को प्रतिदिन 1 घंटे की फिजीकल एक्टिविटी करनी चाहिए।

ज्यादा एक्सरसाइज करने से क्या होगा?

94367325

नेशनल लाइब्रेरी ऑफ मेडिसिन पर प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, शोध में इस बात के प्रमाण मिले हैं कि उच्च तीव्रता वाले व्यायाम ( high intensity exercise) दिल के रोगों से पीड़ित लोगों में अचानक कार्डियक अरेस्ट और उससे मौत का जोखिम बढ़ सकता है। यह हार्ट रिदम डिसऑर्डर (heart rhythm disorders) के जोखिम को भी बढ़ा सकता है।Clevelandclinic का मानना है कि ज्यादा हार्ड एक्सरसाइज करना दिल के लिए खतरनाक हो सकता है। ऐसे लोग जिन्हें दिल से जुड़े रोग विरासत में मिले हैं, उन्हें इसका ज्यादा खतरा होता है।

जिम जाने वाला हर बंदा कराए ये टेस्ट

94367323

अगर आप जिम शुरू कर रहे हैं या ऐसा काम करने जा रहे हैं जिसमें शरीर का जोरदार इस्तेमाल होने वाला है, तो आपको कुछ टेस्ट करा लेने चाहिए। इसमें एक टीएमटी (ट्रेडमिल टेस्ट) है, जिससे आपके दिल के हाल का पता चल सकता है। इन दिनों सीटी एंजियोग्राफी भी होती है जो बता सकती है कि कहीं आपके हार्ट में 40 से 50 प्रतिशत ब्लॉकेज है या नहीं।सलाह यह है कि कोई भी जोरदार गतिविधि को करने से पहले हमेशा अपने दिल को जानें।

दोबारा वर्कआउट शुरू करने वाले भी रहें सतर्क

94367321

कई बार लोग वर्कआउट करना छोड़ देते हैं और कुछ महीनों या साल के अंतराल में फिर शुरू करते हैं। ऐसे लोगों को भी ऊपर बताए टेस्ट करा लेने चाहिए। इसके अलावा डायबिटीज रोगियों और महिलाओं के लिए इस तरह की जांच विशेष रूप से आवश्यक है, क्योंकि उन्हें छाती में एक सामान्य दर्द के रूप में दिल का दौरा पड़ने का अनुभव नहीं हो सकता है।

ट्रेडमिल पर दौड़ने से क्या होता है

94367320

जब ट्रेडमिल की स्पीड बहुत ज्यादा होती है, तो इसका हार्ट रेट और ब्लड प्रेशर पर डबल असर पड़ता है। जिससे दिल के लिए ऑक्सीजन ज्यादा चाहिए होता है। लंबे समय ऐसी स्थिति बनी रहने से हार्ट के लिए सर्कुलेशन में तनाव पैदा हो सकता है जिससे नसों में ब्लॉकेज होना, ब्लड प्रेशर कम होना या दिल का दौरा पड़ने का जोखिम बढ़ जाता है।

डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।



Source link

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

%d bloggers like this: